मेरे पापा ( father’s day )

किसी शख्स में मुझसे कहा दुनिया में खुदा या भगवान किसी के लिये सब कुछ है , मैं इस बात से पूरी तरह से सहमत हूँ , क्योंकि मेरे पापा ही मेरे पहले भगवान है । दुनिया में हर पिता के लिए उसकी संतान सबसे प्यारी चीज़ होती है । दुनिया का हर पिता अच्छा... Continue Reading →

Advertisements

महिला सशक्तिकरण ( समाज की नाकामियां )

आज के समय में अगर भारत देश में अगर कोई मुद्दा है जिसे उठाने की जरुरत है वो है महिला की सुरक्षा में सरकार की नाकामी । पर ये कोई आज से शुरु नही हुआ है , ये हमारे देश का वो दाग है जो सदियों से हमारा दामन गन्दा किये है । पर पता... Continue Reading →

Real meaning of success ( सफलता के वास्तविक मायने ) according to harsh ) 

सबसे पहले तो हमे यह समझना होगा , कि सफ़लता कोई वस्तु नही है , ये हमारी समझ से परे है , और जिस दिन हम इसके वास्तविक मायने समझ गए , उस दिन हमारे पास इस विषय पर सोचने के लिये कुछ शेष नही बचेगा ।तो आज मैं कोशिश करूँगा कि उसकी वास्तविक परिभाषा... Continue Reading →

हिंदी है हम ( एक सराहनीय मुहीम ) 

हमारी भाषा हमारी सांस्कृतिक पहचान को परिभाषित करती है. तेजी से बदलते इस दौर में महत्वपूर्ण यह नहीं है की हमारे शिक्षा का माध्यम क्या है या क्या रहेगा, बल्कि महत्वपूर्ण यह है की हमारे सपनों और सोच का माध्यम क्या है. महत्ता उस भाषा की है, जो हमें स्वयं से जोड़ती है और अपने... Continue Reading →

नौसेना दिवस ( गर्व से भरा अहसास ) 

पहले तो आप सभी को नौसेना दिवस की हार्दिक शुभकामनाये , और भारतीय नौसेना का कोटि कोटि आभार जिसके कारण हम अपने घर में सुरक्षित है और  भारतीय समुद्र में तिरंगा शान से लहरा रहा है । आज ही के दिन हमारी नौसेना ने पाकिस्तान पर कारवाही कर पूरे विश्व में भारत का मान बढ़ाया... Continue Reading →

विराट कोहली ( रन मशीन ) 

विराट कोहली ,  सफलता का दूसरा नाम   । विराट कोहली रन मशीन , मेरे लिए सिर्फ एक खिलाडी नही है , एक आदर्श है , एक मार्गदर्शक है । एक दौर  2008 में शुरू हुआ था , लोगो ने शुरुआत में विराट में घमंड देखा , जिसके लिये आज महान शब्द का उपयोग होता... Continue Reading →

Pencil portal ( पेंसिल पोर्टल ) 

    बालश्रम के खिलाफ एक मुहिम  आपको जानकार हर्ष होगा , कि भारत सरकार की ओर से केंद्रीय श्रम और रोजगार मंत्रालय द्वारा आयोजित राष्ट्रीय बाल श्रमिक सम्मेलन में बाल मजदूरी निषेध के तहत प्लेटफॉर्म फॉर इफेक्टिव एन्फोर्समेंट फॉर नो चाइल्ड लेबर ( पेंसिल ) नामक पोर्टल 26 सितम्बर 2017 को लॉन्च किया गया... Continue Reading →

नोट बंदी (आर्थिक सुधार या आर्थिक अकाल)  

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 8 नवंबर 2016 को 500 रुपये और 1000 रुपये के नोट को बैन करके भारतीय बाजार में तहलका मचा दिया , दरसअल भारत में भ्रस्टाचार बहुत बड़ा था ऐसा कहना था भारतीय मीडिया और अन्ना हज़ारे जी का । भारतवासियो के दिल की आवाज़ सुनकर भारतीय प्रधानमंत्री ने बिना वोट बैंक... Continue Reading →

India’s education system 🚫

ज मैंने अपने दर्द को बयान करने की सोची , पर डर था कही लोग इसका विरोध न करे , आप भी जानना चाहते होंगे मेरा दर्द , तो सुनिये– मुझे या कोई भी जो विद्यार्थी जिसने भारत के किसी भी प्रदेश के बोर्ड से शिक्षा ग्रहण की है , उसे इस बात का मलाल... Continue Reading →

Blog at WordPress.com.

Up ↑